Drinking Water Tips : उबालकर पिएं पानी या फिल्टर करके ? जानिए डॉक्टर किसे मानते हैं सेहतमंद तरीका.

पर्याप्त मात्रा में पानी पीना या हाइड्रेटेड रहना स्वास्थ्य और पोषण का पहला नियम है। माना जाता है कि हमारा शरीर भोजन के बिना हफ्तों तक रह सकता है, लेकिन पानी के बिना बस कुछ ही दिन जीवित रह पाता है। मानव शरीर लगभग 60% पानी से बना है। ऐसे में निर्जलित या डिहाइड्रेटेड होना आपको शारीरिक और मानसिक दोनों तरह से प्रभावित कर सकता है।

हालांकि सेहतमंद रहने के लिए स्वच्छ पानी पीना जरूरी होता है। लेकिन पर्यावरण प्रदूषण और प्राकृतिक संसाधनों की कमी के कारण स्वच्छ जल प्राप्त करना एक चुनौती बन गया है। जो लोग अफोर्ड कर सकते हैं, उनके लिए बाजार सभी प्रकार के फिल्टर से भरा हुआ है और जो नहीं कर सकते, उनके लिए खपत से पहले नल के पानी को उबालने की सलाह दी जाती है। लेकिन पानी की शुद्धता सुनिश्चित करने का बेहतर तरीका कौन सा है? पीलिया,टाइफाइड और डायरिया जैसी जल जनित बीमारियों से बचाव के लिए डॉक्टर भी उबला हुआ पानी पीने की सलाह देते हैं।

​नल का पानी सेहतमंद है?
अगर आपको लगता है कि नल से सीधे निकलने वाला पानी पीने के लिए स्वस्थ है, तो फिर से सोचें लें। आमतौर पर लोगों को लगता है कि वाटर ट्रीटमेंट प्लांट से आने वाला पानी सुरक्षित और बैक्टीरियारहित होगा। क्योंकि वह पानी को दूषित होने बचाने के लिए क्लोरीन और फ्लोराइड का उपयोग करते हैं। हालाँकि, जिन पाइपों से होकर यह बहता है और आपके घरों तक पहुँचता है, वह साफ नहीं होता है। और जब इसे स्टोर और उपचार संयंत्रों में एकत्र किया जाता है, तो इस प्रक्रिया में पानी और अधिक दुषित हो जाता है। ऐसे में आप ये समझ सकते हैं कि आप रोज कितना गंदा पानी पी रहे हैं।

पानी को पीने से पहले क्यों उबालना चाहिए?
सुरक्षित और शुध्द पेयजल के लिए उबालना सबसे पुराने तरीकों में से एक है। पानी को उबालने का मुख्य उद्देश्य उसमें मौजूद कीटाणुओं को मारना होता है। जब पानी उबाला जाता है, तो यह उन सूक्ष्म जीवों को हटाने में मदद करता है जो उच्च तापमान का सामना नहीं कर सकते।

20 मिनट तक पानी को उबालना होता है जरूरी
अगर आपको लगता है कि एक-दो मिनट तक पानी को उबालने से इसकी अशुद्धियां और अन्य रसायन निकल जाते हैं, तो आप गलत हैं। अदृश्य जल जनित वायरस, बैक्टीरिया और कीटाणुओं खत्म करने के लिए पानी को कम से कम 20 मिनट तक लगातार उबाला जाना चाहिए। यदि आप इसे इससे कम उबालते हैं, तो पानी पीने के लिए सुरक्षित नहीं होता है। हालांकि उबलते पानी केवल बैक्टीरिया को हटा सकता है, जिसका अर्थ है कि यह हानिकारक पदार्थों जैसे क्लोरीन और भारी धातुओं जैसे सीसा को नल के पानी से नहीं हटा पाता है।

क्या फिल्टर का पानी सेहतमंद होता है?
फिल्टर किया हुआ पानी उबले हुए पानी की तुलना में ज्यादा सुरक्षित माना जाता है। फिल्टर दूषित या नल के पानी से अशुद्धियों, रसायनों और सूक्ष्म जीवों को दूर करने में मदद कर सकता है। और इसे रोग मुक्त बनाता है। आरओ से लेकर यूवी वॉटर प्यूरीफायर तक, ऐसी कई तकनीकें हैं जो पानी को शुद्ध करने और पीने योग्य बनाने में मदद करती हैं। यह बोतलबंद पानी पर निर्भरता को भी कम करता है।

​साफ पानी पीना क्यों है जरूरी?
साफ पानी पीने से इम्युनिटी सिस्टम बेहतर रहता है। क्योंकि इसमें सभी आवश्यक खनिज और विटामिन होते हैं। यह चयापचय और त्वचा के स्वास्थ्य को बढ़ावा देने के साथ-साथ वजन घटाने की प्रक्रिया में भी मदद करता है।

अनफिल्टर्ड पानी पीने से क्यों मना किया जाता है?
अध्ययनों के अनुसार, अनफ़िल्टर्ड पानी या अनुपचारित पानी खतरनाक सूक्ष्मजीवों से भरा हो सकता है, जैसे कि जिआर्डिया लैम्ब्लिया, क्रिप्टोस्पोरिडियम और विब्रियो हैजा। यह पाया गया है कि ये सूक्ष्मजीव डायरिया, सेप्सिस, हैजा और संभावित मौत जैसे खतरनाक स्वास्थ्य मुद्दों को जन्म दे सकते हैं।